आदर्शों पर चलना; भगवान राम का मार्ग

पौराणिक विषयों का लेखक होने का एक फ़ायदा यह भी है कि आपको साहित्यिक उत्सवों में आमंत्रित किया जाता है। ऐसी ही एक सभा में, मेरा सामना धार्मिक दर्शनों और व्यक्तित्वों पर पूछे गए बहुत कठिन सवालों से हुआ। जब किसी कहानी की आलोचना करने की वजह होती है, तो मैं बेहिचक ऐसा करता हूं। …

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भगवान शिव: असंगतियों के देवता

मेरे एक युवा पाठक ने भगवान शिव को देवताओं का ‘ड्यूड’ कहा था। आप सोच सकते हैं कि किस बात ने उन्हें आधुनिक स्त्री-पुरुषों के बीच इतना लोकप्रिय बनाया है? वे तो, आख़िर, सिंह की खाल लपेटने वाले एक वैरागी हैं जो अपने शरीर पर राख मलते हैं, ख़ाली समय में अपने भयानक दोस्तों के …

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